आज भी सिक्किम में कई लोग अपनी रोजमर्रा की ज़िंदगी में पारंपरिक आस्था चिकित्सकों पर भरोसा करते हैं। ये लोग सिर्फ इलाज ही नहीं करते, बल्कि संस्कृति और परंपराओं को भी जिंदा रखते हैं। लेकिन समय के साथ इन्हें कई तरह की परेशानी का सामना करना पड़ता है, खासकर आमदनी को लेकर। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि इन्हीं बातों को ध्यान में रखते हुए राज्य सरकार ने Sikkim Samajik Sewa Bhatta की शुरुआत की है, जिससे इन पारंपरिक आस्था चिकित्सकों को हर महीने पेंशन का फ़ायदा मिल सके।

आपको बता दें कि इस आर्टिकल में आपको सिक्किम सामाजिक सेवा भत्ता योजना से जुड़ी हर जरूरी जानकारी मिलेगी। पात्रता क्या है, कौन लोग इस योजना का फ़ायदा ले सकते हैं, कौन-कौन से दस्तावेज लगाने होंगे और आवेदन कैसे करना है—सब कुछ यहां आसान भाषा में बताया गया है। इसलिए इस लेख को अंत तक जरूर पढ़ें, ताकि कोई भी जरूरी बात छूट न जाए।

Sikkim Samajik Sewa Bhatta क्या है?

सिक्किम सरकार के संस्कृति विभाग द्वारा शुरू की गई यह योजना खास तौर पर पारंपरिक आस्था चिकित्सकों के लिए लाई गई है। इस योजना का मकसद ऐसे लोगों को आर्थिक मदद देना है जो सालों से समाज की सेवा कर रहे हैं, लेकिन उन्हें कोई स्थायी सहारा नहीं मिल पा रहा था।

इस योजना के तहत पात्र लाभार्थियों को हर महीने ₹1500 की पेंशन दी जाती है। यह राशि सीधे उनके बैंक खाते में भेजी जाती है, जिससे उन्हें अपनी जरूरतों को पूरा करने में काफी मदद मिलती है। साथ ही, यह योजना सिक्किम की सांस्कृतिक विरासत को बनाए रखने में भी अहम भूमिका निभा रही है।

योजना का उद्देश्य क्या है?

इस योजना का मुख्य उद्देश्य पारंपरिक आस्था चिकित्सकों को सम्मान और सहारा देना है। सरकार चाहती है कि ये लोग बिना किसी चिंता के अपनी सेवाएं जारी रख सकें और नई पीढ़ी भी इस परंपरा से जुड़ी रहे।

किन लोगों को मिलेगा योजना का फ़ायदा?

सामाजिक सेवा भत्ता योजना का फ़ायदा वही लोग ले सकते हैं जो सिक्किम के निवासी हों और पारंपरिक आस्था चिकित्सक के रूप में जाने जाते हों। इसमें शामिल हैं:

  • धामी
  • झाकरी
  • बिजुबा
  • भुगथिंग
  • मांगपा
  • वेदांग
  • पाव
  • फेड़ेगबा
  • जनता
  • येवा, येमा
  • साबास
  • फेरीवाला

आपको बता दें कि सुदेनी भत्ता (होम डिलीवरी वाले प्रसव चिकित्सक) से जुड़े लोग इस योजना के लिए पात्र नहीं माने गए हैं।

पात्रता से जुड़ी जरूरी बातें

  • आवेदक का सिक्किम का निवासी होना जरूरी है
  • पारंपरिक आस्था चिकित्सक के रूप में पहचान होनी चाहिए
  • सभी जरूरी दस्तावेज सही और वैरिफाइड होने चाहिए

जरूरी दस्तावेज कौन-कौन से लगेंगे?

योजना में आवेदन करने के लिए कुछ जरूरी कागजात लगाने होते हैं, जैसे:

  • ग्रामीण क्षेत्र के लिए ग्राम पंचायत या वार्ड काउंसलर का प्रमाण पत्र
  • शहरी क्षेत्र के लिए पुलिस वेरिफिकेशन रिपोर्ट
  • सिक्किम विषय प्रमाण पत्र या आधार कार्ड
  • पहचान पत्र और वोटर आईडी की कॉपी
  • 2 पासपोर्ट साइज फोटो
  • बैंक खाता पासबुक की फोटोकॉपी
  • पारंपरिक हिलर ड्रेस में पूरी फोटो
  • जिला कलेक्टर या ब्लॉक विकास अधिकारी द्वारा जारी आमदनी प्रमाण पत्र
  • हर 6 महीने में जारी जीवन प्रमाण पत्र

आवेदन प्रक्रिया कैसे करें?

Sikkim Samajik Sewa Bhatta के लिए आवेदन करना काफी आसान है। आपको नीचे दिए गए स्टेप्स फॉलो करने होंगे:

  • सबसे पहले सादे कागज पर अपना आवेदन लिखें
  • सभी जरूरी दस्तावेज आवेदन के साथ लगाना होगा
  • दस्तावेजों को सेल्फ अटेस्टेड करें
  • इसके बाद आवेदन संस्कृति विभाग के सचिव के पास जमा कर दें

इस तरह आप आसानी से इस योजना के लिए आवेदन कर सकते हैं।

योजना से जुड़ी कुछ खास बातें

  • यह योजना साल 2025 के लिए लागू है
  • आवेदन मोड ऑफलाइन रखा गया है
  • योजना की पूरी जानकारी योजना की ऑफिशियल वेबसाइट पर उपलब्ध है

अंत में यही कहा जा सकता है कि Sikkim Samajik Sewa Bhatta पारंपरिक आस्था चिकित्सकों के लिए एक अच्छा कदम है। इससे न सिर्फ उन्हें आर्थिक सहारा मिलेगा, बल्कि सिक्किम की संस्कृति और परंपराओं को भी मजबूती मिलेगी। अगर आप या आपके जानने वाले इस योजना के पात्र हैं, तो समय रहते आवेदन जरूर करें।

Disclaimer: यह लेख केवल जानकारी हेतु लिखा गया है। किसी भी योजना में आवेदन करने से पहले योजना की ऑफिशियल वेबसाइट पर उपलब्ध जानकारी जरूर पढ़ें।